ध्वजरोहण नहीं होने की खबर भ्रामक: प्राचार्य ने किया खंडन,स्कूल की छवि धूमिल करने का लगाया आरोप

भारत सम्मान/सूरजपुर/युसूफ मोमिन– प्रतापपुर विकासखंड के ग्राम पंचायत केवरा स्थित पूर्व माध्यमिक शाला में स्वतंत्रता दिवस (15 अगस्त) पर राष्ट्रीय ध्वज न फहराए जाने की खबर ने क्षेत्र में हलचल मचा दी थी। ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने इसे शिक्षा विभाग की गंभीर लापरवाही बताते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की थी। यह समाचार न्यूज़ पोर्टल जनपुकार सीजी में प्रकाशित किया गया था। लेकिन मिली जानकारी के अनुसार पूर्व माध्यमिक (आ.जा.क) शाला शुरू से ही शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय केवरा के अधीनस्थ है। दोनों संस्थान एक ही परिसर में संचालित होते हैं और सन 1984 से आज तक हर वर्ष ध्वजारोहण एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम संयुक्त रूप से आयोजित किए जाते हैं।

प्राचार्य का खंडन
शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय केवरा के प्राचार्य ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर जनपुकार सीजी में प्रकाशित खबर को भ्रामक और तथ्यहीन बताया। प्राचार्य का कहना है कि –
पूर्व माध्यमिक शाला,उच्चतर माध्यमिक विद्यालय केवरा के अधीनस्थ है।
15 अगस्त 2025 को ध्वजारोहण एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम उच्चतर माध्यमिक विद्यालय परिसर में संयुक्त रूप से संपन्न हुआ।
इस आयोजन में पूर्व माध्यमिक शाला के समस्त शिक्षक व छात्र-छात्राएं भी उपस्थित रहे।
स्वतंत्रता दिवस का कार्यक्रम पूरी गरिमा और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।
प्राचार्य ने आरोप लगाया कि न्यूज़ पोर्टल जनपुकार सीजी के संवाददाता जाहिद अंसारी ने गलत व अप्रमाणित जानकारी प्रकाशित कर विद्यालय की छवि धूमिल करने का प्रयास किया है।

ग्रामीणों में भ्रम की स्थिति।
खबर सामने आने के बाद ग्रामवासियों और जनप्रतिनिधियों में असंतोष की स्थिति बनी थी। लेकिन प्राचार्य द्वारा स्पष्टिकरण देने के बाद अब स्थिति साफ हो गई है कि विद्यालय में परंपरा के अनुसार ध्वजारोहण हुआ था और छात्र-छात्राओं की सक्रिय भागीदारी भी रही इस पूरे प्रकरण से यह स्पष्ट होता है कि अधूरी और अप्रमाणित खबरें समाज में भ्रम की स्थिति उत्पन्न कर सकती हैं। शिक्षा जैसी संवेदनशील संस्था की छवि बचाने के लिए समाचार प्रकाशन में तथ्यों की पुष्टि करना अत्यंत आवश्यक है।



