कलेक्टर ने यूकेलिप्टस एवं अन्य विदेशी प्रजातियों के वृक्षारोपण पर लगाया तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध

भारत सम्मान/अनूपपुर। कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट रत्नाकर झा ने जिले में स्थानीय प्रजातियों के संरक्षण एवं संवर्धन तथा पर्यावरणीय संतुलन को दृष्टिगत रखते हुए महत्वपूर्ण आदेश जारी किया है। आदेश के अनुसार जिला अनूपपुर अंतर्गत समस्त शासकीय संस्थानों एवं शासकीय भूमियों पर यूकेलिप्टस एवं अन्य विदेशी प्रजातियों के वृक्षारोपण पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगाया गया है।
जारी आदेश में निर्देशित किया गया है कि शासकीय संस्थानों एवं शासकीय भूमियों पर यूकेलिप्टस तथा अन्य विदेशी प्रजातियों के वृक्षारोपण के स्थान पर स्थानीय परिस्थितियों के अनुकूल आरईटी प्रजातियों एवं ग्रामीण समुदाय के उपयोग में आने वाली स्थानीय प्रजातियों का रोपण सुनिश्चित किया जाए।
वन मंडल अनूपपुर द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदन के आधार पर जारी आदेश में उल्लेख किया गया है कि पूर्व के वर्षों में रोपित यूकेलिप्टस के वृक्षों के उन्मूलन के पश्चात स्थानीय प्रजातियों के पौधों का रोपण किया जा रहा है। विशेष रूप से नर्मदा नदी के उद्गम स्थल के आसपास यूकेलिप्टस के उन्मूलन के उपरांत स्थानीय प्रजातियों का रोपण कार्य प्राथमिकता से किया जा रहा है।
आदेश में यह भी उल्लेखित है कि वैज्ञानिकों द्वारा दिए गए सुझावों के अनुसार यूकेलिप्टस के पेड़ मिट्टी में कुछ रासायनिक पदार्थ छोड़ते हैं। इस प्रक्रिया को एलीलोपैथी कहा जाता है। इन रासायनिक पदार्थों का स्थानीय वनस्पतियों की वृद्धि पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। साथ ही यूकेलिप्टस के फूलों से स्थानीय पक्षियों के लिए पर्याप्त भोजन उपलब्ध नहीं होने के कारण स्थानीय जैव विविधता पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना रहती है।



