साख बचाने के लिए खुलेआम नकल! बसंतपुर हायर सेकेंडरी स्कूल में औचक निरीक्षण में खुला खेल, केंद्राध्यक्ष हटाए गए

संयुक्त संचालक के निरीक्षण में शिक्षक की जेब से मिला “चिट”, केंद्राध्यक्ष पर मिलीभगत के आरोप
भारत सम्मान | रामहरि गुप्ता | विशेष रिपोर्ट
बलरामपुर जिले के अंतर्गत शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल बसंतपुर में बोर्ड परीक्षा के दौरान नकल कराने का मामला सामने आने से शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। बताया जा रहा है कि स्कूल में शिक्षकों के आपसी विवाद और पूरे वर्ष पढ़ाई प्रभावित रहने के कारण परीक्षा परिणाम खराब होने का डर था। इसी डर से कुछ शिक्षकों ने अपनी साख बचाने के लिए कथित रूप से केंद्राध्यक्ष की मिलीभगत से परीक्षा में खुलेआम नकल कराने की व्यवस्था कर दी।
जानकारी के अनुसार 9 मार्च 2026 को संयुक्त संचालक, शिक्षा विभाग अंबिकापुर द्वारा हायर सेकेंडरी स्कूल बसंतपुर के परीक्षा केंद्र का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान जो स्थिति सामने आई, उसने अधिकारियों को भी हैरान कर दिया।

निरीक्षण के दौरान जेब से मिला “चुटका”
सूत्रों के अनुसार निरीक्षण के समय एक शिक्षक के पेंट की जेब से नकल की पर्ची (चुटका) बरामद हुई। यह देखकर संयुक्त संचालक ने मौके पर ही कड़ी नाराजगी जताई और परीक्षा केंद्र की पूरी व्यवस्था पर सवाल खड़े किए।
अधिकारियों को संदेह हुआ कि परीक्षा केंद्र पर संगठित तरीके से नकल कराई जा रही थी, जिसमें कुछ शिक्षकों की भूमिका संदिग्ध है।
तत्काल हटाए गए केंद्राध्यक्ष
मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्राध्यक्ष अभिमन्यु मौर्य को तत्काल प्रभाव से पद से हटा दिया गया। वहीं शेष परीक्षाओं के संचालन के लिए राजेंद्र प्रसाद प्रजापति को नया केंद्राध्यक्ष नियुक्त किया गया है।
शिक्षक पर विभागीय कार्रवाई
जिस शिक्षक के पास से नकल की पर्ची मिली, उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है। शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि परीक्षा की पवित्रता से किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
पूरे साल पढ़ाई प्रभावित रहने के आरोप
स्थानीय सूत्रों के अनुसार बसंतपुर हायर सेकेंडरी स्कूल में लंबे समय से शिक्षकों के बीच आपसी विवाद और गुटबाजी की स्थिति बनी हुई है। इसी कारण विद्यार्थियों की नियमित पढ़ाई प्रभावित रही।
ऐसे में परीक्षा परिणाम खराब होने की आशंका के चलते कुछ लोगों ने कथित तौर पर नकल कराने का रास्ता अपनाया।
शिक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस घटना के सामने आने के बाद क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था को लेकर चर्चा तेज हो गई है। अभिभावकों का कहना है कि यदि स्कूलों में ही इस तरह से नकल कराई जाएगी तो बच्चों का भविष्य कैसे सुरक्षित रहेगा।
अब देखना होगा कि शिक्षा विभाग इस पूरे मामले की गहन जांच कर दोषियों पर क्या कार्रवाई करता है।




